रीवा का ऐतिहासिक गौरव
जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक मर्यादित, रीवा की स्थापना 21/07/1949 में की गई थी। रीवा शहर, जो विंध्याचल पर्वतमाला पर फैले विंध्य क्षेत्र के मध्य भाग में स्थित है, मधुर संगीत के जादूगर और बादशाह अकबर के नवरत्नों में से एक – तानसेन और बीरबल जैसे महान विभूतियों की जन्मस्थली रहा है।
कलाकर और बिछिया नदियों के किनारे बसा रीवा शहर, बघेल राजवंश के शासकों की राजधानी होने के साथ-साथ विंध्य प्रदेश की भी राजधानी रहा है। ऐतिहासिक क्षेत्र रीवा को दुनिया भर में 'सफेद शेरों की धरती' के रूप में जाना जाता है। रीवा शहर का नाम 'रीवा नदी' के नाम पर रखा गया था, जिसे नर्मदा नदी का पौराणिक नाम माना जाता है।
प्राचीन काल से ही यह एक महत्वपूर्ण व्यापारिक मार्ग रहा है, जो कौशल, प्रयाग, बनारस, पाटलिपुत्र आदि स्थानों को पश्चिमी और दक्षिणी भारत से जोड़ता रहा है। बघेल शासकों के शासन से पहले, इस क्षेत्र पर गुप्त, कलचुरी राजवंश, चंदेल और प्रतिहार जैसे अन्य राजाओं का भी शासन रहा है। रीवा विंध्य प्रदेश की राजधानी था और संभागीय मुख्यालय होने के कारण, यह क्षेत्र एक प्रमुख शहर और इस क्षेत्र का एक महत्वपूर्ण ऐतिहासिक नगर भी है।
बैंक के मुख्य उद्देश्य (Bank's Objective)
बैंक का प्राथमिक उद्देश्य जिले के ग्रामीण और कृषि ढांचे को सुदृढ़ बनाना है। बैंक द्वारा रीवा जिले के कृषकों को मुख्य रूप से अल्पावधि कृषि ऋण, मध्यावधि ऋण एवं दीर्घकालीन ऋण उपलब्ध कराए जाते हैं, जिससे किसानों को कृषि संबंधी समस्त आवश्यकताओं की समय पर पूर्ति हो सके और उनकी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ हो।
आधुनिक उत्पाद एवं सेवाएँ (Products & Services)
कृषकों और सामान्य नागरिकों के सर्वांगीण विकास के लिए बैंक लगातार अपनी तकनीकी क्षमताओं का विस्तार कर रहा है। बैंक द्वारा वित्तीय वर्ष में व्यापक स्तर पर अल्पकालीन ऋण वितरण किया गया है। इसके अतिरिक्त, बैंक द्वारा ग्राहकों को तीव्र एवं सुरक्षित वित्तीय लेनदेन सुनिश्चित करने हेतु आधुनिक बैंकिंग सेवाएँ जैसे:
- RTGS / NEFT: रियल टाइम फंड ट्रांसफर की सुगम व्यवस्था।
- लॉकर सुविधा: आपके कीमती सामान की सुरक्षा के लिए सुरक्षित लॉकर।
- Bharat Aadhaar Seeding Enabler (BASE): प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (DBT) को आसान बनाने वाली अत्याधुनिक डिजिटल सेवा।
हमारा नेटवर्क (Network Structure)
बैंक की पहुँच रीवा जिले के सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों तक विस्तृत है। वर्तमान में बैंक का नेटवर्क रीवा जिले में सुव्यवस्थित रूप से फैला हुआ है, जिसमें शामिल हैं:
21
पूर्णतः कंप्यूटरीकृत शाखाएँ
148
संबद्ध सहकारी संस्थाएँ
इन्हीं सुदृढ़ माध्यमों और शाखाओं के सहयोग से संपूर्ण जिले में अमानत संग्रहण (Deposits) एवं ऋण वितरण (Loan Distribution) की बैंकिंग गतिविधियाँ अत्यंत सुचारू और पारदर्शी रूप से संचालित की जाती हैं।